भारत संस्करण|हिन्दी|
Global Edition ↗RSS
हर खबर, हर पलआपकी आवाज़ · आपका भारत
राजनीति

'5 मिनट में साबित कर दूंगा कि नरेंद्र मोदी देशद्रोही हैं': राहुल गांधी का बड़ा आरोप, कहा- ट्रंप करते हैं प्रधानमंत्री को कंट्रोल

पंजाब के संगरूर में कांग्रेस की 'इंसाफ रैली' को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खुली बहस की चुनौती दी। उन्होंने दावा किया कि वह पांच मिनट में साबित कर सकते हैं कि मोदी देशद्रोही हैं और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नियंत्रण में काम करते हैं। राहुल ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते, किसानों के हितों और संसद में बोलने के अवसर को लेकर भी सवाल उठाए।

'5 मिनट में साबित कर दूंगा कि नरेंद्र मोदी देशद्रोही हैं': राहुल गांधी का बड़ा आरोप, कहा- ट्रंप करते हैं प्रधानमंत्री को कंट्रोल

संगरूर, पंजाब | 4 नवंबर 2026: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ गंभीर राजनीतिक आरोप लगाते हुए उन्हें सार्वजनिक बहस की चुनौती दी है। पंजाब के संगरूर में कांग्रेस की 'इंसाफ रैली' को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने दावा किया कि वह महज पांच मिनट की बहस में साबित कर सकते हैं कि प्रधानमंत्री देशद्रोही हैं और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप उन्हें नियंत्रित करते हैं।

राहुल गांधी के इस बयान ने प्रधानमंत्री की विदेश नीति, भारत-अमेरिका संबंधों और विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे राजनीतिक सवालों को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।

हालांकि, राहुल गांधी के आरोपों को स्वतंत्र रूप से प्रमाणित तथ्य नहीं माना जा सकता। प्रधानमंत्री के देशद्रोही होने या किसी विदेशी नेता के नियंत्रण में काम करने का कोई प्रमाणित निष्कर्ष उपलब्ध नहीं है।

राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी को दी खुली बहस की चुनौती

संगरूर की रैली में राहुल गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी कांग्रेस नेताओं को देशद्रोही बताते हैं। उन्होंने इसी संदर्भ में प्रधानमंत्री को सार्वजनिक मंच पर आमने-सामने चर्चा करने की चुनौती दी।

राहुल गांधी ने दावा किया कि वह पांच मिनट में प्रधानमंत्री के खिलाफ अपने आरोप साबित कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि बहस के लिए प्रधानमंत्री अपनी पसंद का निर्णायक भी चुन सकते हैं। इस दौरान राहुल ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत और उद्योगपति गौतम अदाणी का नाम लिया।

कांग्रेस नेता ने यह भी दावा किया कि प्रधानमंत्री उनके साथ सीधी बहस करने के लिए तैयार नहीं होंगे।

'नरेंद्र मोदी को डोनाल्ड ट्रंप कंट्रोल करते हैं'

राहुल गांधी ने अपने भाषण में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री मोदी की स्वतंत्र निर्णय लेने की क्षमता पर सवाल उठाए।

उन्होंने आरोप लगाया कि भारत-अमेरिका संबंधों में अमेरिकी दबाव का असर भारतीय सरकार के फैसलों पर पड़ रहा है।

कांग्रेस नेता ने अपने आरोपों को व्यापार समझौते और भारत के राष्ट्रीय हितों से जोड़कर प्रस्तुत किया।

हालांकि, किसी देश के प्रधानमंत्री पर विदेशी राष्ट्रपति के नियंत्रण में काम करने का आरोप अत्यंत गंभीर है। इस दावे की पुष्टि के लिए ठोस दस्तावेजी प्रमाण आवश्यक हैं।

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर उठाए सवाल

राहुल गांधी ने अमेरिका के साथ व्यापार समझौते को लेकर भी प्रधानमंत्री पर निशाना साधा।

उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिकी दबाव में भारत के किसानों, छोटे व्यापारियों और देश के डेटा से जुड़े हितों के साथ समझौता किया गया।

कांग्रेस नेता ने दावा किया कि प्रधानमंत्री ने अमेरिकी राष्ट्रपति के दबाव में जल्दबाजी में व्यापार संबंधी निर्णय लिए।

हालांकि, व्यापार समझौते की वास्तविक शर्तों, लागू प्रावधानों और उनके आर्थिक प्रभावों का मूल्यांकन आधिकारिक दस्तावेजों के आधार पर किया जाना आवश्यक है।

भारत-पाकिस्तान संघर्ष पर ट्रंप के दावों का जिक्र

राहुल गांधी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उन बयानों का भी उल्लेख किया, जिनमें उन्होंने भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष रुकवाने का श्रेय लेने का दावा किया था।

कांग्रेस नेता ने इस विषय पर प्रधानमंत्री मोदी के रुख को लेकर सवाल उठाए।

ट्रंप के किसी दावे को केवल उनके बयान के आधार पर प्रमाणित ऐतिहासिक तथ्य नहीं माना जा सकता। इसके लिए संबंधित देशों के आधिकारिक रिकॉर्ड और स्वतंत्र साक्ष्यों की आवश्यकता होती है।

गौतम अदाणी से जुड़े अमेरिकी मामले का उल्लेख

राहुल गांधी ने अपने संबोधन में उद्योगपति गौतम अदाणी के खिलाफ अमेरिका में चल रही कानूनी कार्यवाही का भी जिक्र किया।

उन्होंने आरोप लगाया कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ने अदाणी से जुड़े मामले को बंद करवा दिया।

यह राहुल गांधी का आरोप है। किसी कानूनी मामले के बंद होने, उसकी वर्तमान स्थिति या उसमें राजनीतिक हस्तक्षेप की पुष्टि संबंधित अमेरिकी न्यायिक रिकॉर्ड और आधिकारिक दस्तावेजों से ही की जा सकती है।

इस आरोप की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है।

संसद में माइक बंद करने का भी आरोप

कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा के नेता उन्हें संसद में चर्चा करने की सलाह देते हैं, लेकिन संसद में बोलने के दौरान उनका माइक बंद कर दिया जाता है।

राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि विपक्ष को अपनी बात पूरी तरह रखने का अवसर नहीं मिलता।

संसदीय कार्यवाही और माइक संचालन से संबंधित किसी विशिष्ट घटना का तथ्यात्मक मूल्यांकन आधिकारिक रिकॉर्ड और उपलब्ध वीडियो के आधार पर किया जाना चाहिए।

भाजपा की ओर से क्या प्रतिक्रिया आई?

राहुल गांधी इससे पहले भी प्रधानमंत्री मोदी को बहस की चुनौती दे चुके हैं।

केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने मंगलवार, 3 नवंबर को सोशल मीडिया के माध्यम से राहुल गांधी की बहस की चुनौती पर प्रतिक्रिया दी थी।

रिजिजू ने टिप्पणी की थी कि उच्च स्तर की बहस परिपक्व लोगों के बीच होती है।

हालांकि, बुधवार को संगरूर में दिए गए राहुल गांधी के विशेष बयान पर प्रधानमंत्री मोदी की कोई प्रत्यक्ष प्रतिक्रिया उपलब्ध रिपोर्टों में सामने नहीं आई।

राजनीतिक आरोप और प्रमाण में अंतर जरूरी

राहुल गांधी ने संगरूर की रैली में प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ कई गंभीर आरोप लगाए हैं।

इनमें देशद्रोह, विदेशी प्रभाव, व्यापारिक हितों और संसदीय चर्चा से जुड़े मुद्दे शामिल हैं।

लेकिन राजनीतिक मंच से लगाया गया आरोप और किसी स्वतंत्र जांच या न्यायिक प्रक्रिया में प्रमाणित निष्कर्ष अलग-अलग होते हैं।

प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ लगाए गए आरोपों की सत्यता का मूल्यांकन संबंधित दस्तावेजों और प्रमाणों के आधार पर ही किया जा सकता है।

फिलहाल, राहुल गांधी की खुली बहस की चुनौती और प्रधानमंत्री मोदी को लेकर उनके आरोप राष्ट्रीय राजनीतिक चर्चा का विषय बने हुए हैं।

अपनी बात रखें

विषय पर चर्चा करें। निजी जानकारी, अपमान और असत्य आरोप से बचें। टिप्पणियां समीक्षा के बाद दिखाई जाती हैं।

गोपनीयता नीति

ये भी पढ़ें

दिल्ली में INDIA गठबंधन और भाजपा का विरोध मार्च, राहुल गांधी ने उठाए 'वोट चोरी' के आरोप; 1984 के सिख दंगों पर कांग्रेस को घेरा
राजनीति

दिल्ली में INDIA गठबंधन और भाजपा का विरोध मार्च, राहुल गांधी ने उठाए 'वोट चोरी' के आरोप; 1984 के सिख दंगों पर कांग्रेस को घेरा

दिल्ली में 1 नवंबर 2026 को INDIA गठबंधन और भाजपा के अलग-अलग विरोध मार्च आयोजित किए जा रहे हैं। राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहा है। वहीं, भाजपा ने 1984 के सिख विरोधी दंगों की बरसी पर कांग्रेस की रैली के समय को लेकर आपत्ति जताई है।

1 नवंबर 2026
साधु-संतों के साथ रामलीला मैदान पहुंचे पप्पू यादव, 'वोट चोरी' के आरोपों और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष की महारैली
राजनीति

साधु-संतों के साथ रामलीला मैदान पहुंचे पप्पू यादव, 'वोट चोरी' के आरोपों और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष की महारैली

दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को आयोजित INDIA गठबंधन की 'वोट बचाओ, देश बचाओ' महारैली में सांसद पप्पू यादव साधु-संतों के जुलूस के साथ पहुंचे। पप्पू यादव ने दावा किया कि इस मार्च में 10 हजार से अधिक साधु-संत शामिल हैं। विपक्ष ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पर सवाल उठाते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है।

1 नवंबर 2026
'यूपी में भाजपा सरकार अंगद का पैर है, कोई नहीं हिला सकता': अमित शाह का दावा, 2027 चुनाव को लेकर भरी हुंकार
राजनीति

'यूपी में भाजपा सरकार अंगद का पैर है, कोई नहीं हिला सकता': अमित शाह का दावा, 2027 चुनाव को लेकर भरी हुंकार

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लखनऊ में भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक को संबोधित करते हुए उत्तर प्रदेश में लगातार तीसरी बार सरकार बनाने का दावा किया। उन्होंने भाजपा सरकार की तुलना अंगद के पैर से की और कहा कि 2027 में सत्ता में लौटने पर राज्य में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू की जाएगी।

30 अक्टूबर 2026
मोदी के संसदीय क्षेत्र में भाजपा की हार पर सहयोगी नेता की टिप्पणी, बोले—केवल शिक्षित मतदाताओं ने किया मतदान
राजनीति

मोदी के संसदीय क्षेत्र में भाजपा की हार पर सहयोगी नेता की टिप्पणी, बोले—केवल शिक्षित मतदाताओं ने किया मतदान

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी से जुड़े एक चुनाव में भाजपा की कथित हार को लेकर राजनीतिक टिप्पणी चर्चा में है। एक पत्रकार के सवाल पर भाजपा के सहयोगी दल से जुड़े बताए जा रहे नेता ने कहा कि इस चुनाव में केवल शिक्षित मतदाताओं ने मतदान किया। हालांकि, नेता की पहचान, संबंधित चुनाव और बयान का पूरा संदर्भ अभी स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं हुआ है।

29 अक्टूबर 2026